

मंदसौर। मकर संक्रांति से पहले चाइनीज मांझे के खिलाफ मंदसौर पुलिस ने इस बार सख्त और तकनीकी रुख अपनाया है। नई आबादी थाना पुलिस द्वारा ड्रोन कैमरे की मदद से आबादी क्षेत्रों में निगरानी की जा रही है, ताकि प्रतिबंधित चाइनीज मांझे की बिक्री और उपयोग पर पूरी तरह अंकुश लगाया जा सके।
थाना प्रभारी कुलदीपसिंह राठौर के नेतृत्व में पुलिस टीम ने बाजार क्षेत्र में सघन सर्चिंग अभियान चलाया। इस दौरान पतंग, मांजा और उससे जुड़ी सामग्री बेचने वाली दुकानों की गहन जांच की गई। कई दुकानदारों को सख्त हिदायत दी गई कि प्रतिबंधित चाइनीज मांझा बेचते पाए जाने पर उनके खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
पुलिस ने आबादी क्षेत्र में ड्रोन से निगरानी करते हुए छतों पर पतंग उड़ा रहे बच्चों को नीचे उतारकर समझाइश दी। बच्चों के साथ-साथ उनके अभिभावकों को भी चाइनीज मांझे से होने वाले जानलेवा खतरों और कानूनी परिणामों की जानकारी दी गई।
शासन-प्रशासन द्वारा चाइनीज मांझे की बिक्री और उपयोग पर पूर्ण प्रतिबंध है। इसके बावजूद चोरी-छिपे बिक्री की शिकायतें पहले मिलती रही हैं। हालांकि, इस वर्ष प्रशासन शुरू से ही सख्त नजर आ रहा है, जिसका असर यह है कि अवैध चाइनीज मांझे पर काफी हद तक लगाम लगी है।
निरीह पक्षियों की सुरक्षा, बच्चों की जान और आम नागरिकों की सलामती को लेकर चल रही यह मुहिम काबिले-तारीफ मानी जा रही है।

जमीनी हकीकत अब भी खत्म नहीं हुई अवैध बिक्री
प्रतिबंध के बावजूद कुछ इलाकों में चाइनीज मांझे की चोरी-छिपे बिक्री की शिकायतें सामने आती रहती हैं, लेकिन पुलिस और प्रशासन की लगातार सर्चिंग व सख्ती से इस पर पहले की तुलना में काफी हद तक नियंत्रण हुआ है। आम नागरिकों की जिम्मेदारी भी जरूरी
केवल पुलिस कार्रवाई से समस्या का स्थायी समाधान संभव नहीं है। अभिभावकों की जिम्मेदारी है कि वे अपने बच्चों को चाइनीज डोर के खतरों के बारे में समझाएं। बच्चों को भी चाइनीज मांझे से गंभीर चोटें लग चुकी हैं।
दोपहिया वाहन चालकों के गले, चेहरे और हाथों में गहरे घाव होने की घटनाएं सामने आ चुकी हैं।
कई मामलों में यह मांझा जानलेवा भी साबित हुआ है।
निरीह पंछियों पर कहर
चाइनीज मांझा केवल इंसानों के लिए ही नहीं, बल्कि निरीह पक्षियों के लिए भी जानलेवा है।
हर साल बड़ी संख्या में पक्षी इसकी चपेट में आकर घायल होते हैं या दम तोड़ देते हैं।
इन्हीं खतरों को देखते हुए प्रशासन ने इस बार सख्ती से अभियान चलाकर एक सकारात्मक संदेश देने की कोशिश की है।
चाइनीज मांझे पर कोतवाली पुलिस का शिकंजा टीआई के नेतृत्व में सर्चिंग, दुकानदारों को सख्त चेतावनी
चाइनीज मांझे की बिक्री और उपयोग पर रोक को लेकर शहर कोतवाली पुलिस पिछले दिनों से पूरी तरह एक्शन मोड में नजर आई। टीआई पुष्पेंद्र राठौड़ के नेतृत्व में पुलिस स्टाफ ने बाजार क्षेत्र में सघन सर्चिंग अभियान चलाते हुए पतंग, मांजा एवं संबंधित सामग्री बेचने वाली दुकानों का निरीक्षण किया।
निरीक्षण के दौरान दुकानदारों को शासन द्वारा लगाए गए प्रतिबंध की जानकारी देते हुए सख्त समझाइश दी गई। पुलिस ने स्पष्ट चेताया कि प्रतिबंधित चाइनीज मांझा बेचते या भंडारण करते पाए जाने पर संबंधित दुकानदार के खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
पुलिस की इस कार्रवाई से बाजार में हड़कंप की स्थिति रही और दुकानदारों में सतर्कता दिखाई दी। प्रशासन की इस सख्ती को आमजन और पशु-पक्षी प्रेमियों द्वारा सकारात्मक कदम बताया जा रहा है।




