पठानी वसूली करने आए एक बार फिर गौतम

सैफी बैंक के गुनाहगारों पे हुई तकलीफ़ हाजिर

मंदसौर के सैफी कमर्शियल बैंक के बरसों पुराने और बड़े बकायादार जो कुछ सालों से निश्चिंत थे, उनके लिए बुरी खबर है। मंदसौर में ही 50 से 60 ऐसे बड़े लोग हैं, जिन पर बैंक का करोड़ों रुपए अब तक बकाया है। जिसमें शहर के ही जाने-माने कई राजनीतिक चेहरे तक हैं। अब पूरे 20 साल बाद इन सभी से हिसाब चुकता होगा, ये काम हाथ में लेने वाले शख्स का नाम है राजेंद्रसिंह गौतम। 

 दरअसल शनिवार के दिन इस बैंक से जुड़े पुराने लोगों ने पुरानी बकाया राशि को लेकर जरूरी मीटिंग बुलाई थी और इसमें सभी ने एक राय से प्रदेश भाजपा के विशेष आमंत्रित सदस्य, मंदसौर जिपं के पूर्व अध्यक्ष राजेंद्रसिंह गौतम को सर्वानुमति से अध्यक्ष चुना। इसके पीछे बैंक से जुड़े लोगों का ये साफ मकसद रहा कि वसूली का काम सैफी बैंक के अध्यक्ष रह चुके गौतम के ही जिम्मे रहे और हर बकायादार के खिलाफ तगड़ी कार्रवाई हो। इधर चार्ज लेने के साथ ही गौतम ने इरादे भी साफ कर दिए और बोले –‘सैफी बैंक के हर एक बकायादार का नाम सार्वजनिक करूंगा, जगह-जगह बोर्ड लगवाने से लेकर संबंधितों की प्रॉपर्टी पर ताले तक जड़वाना मेरा लक्ष्य रहेगा। वसूली वाली राशि जरुरतमंदों को ऋण के तौर पर दी जाएगी ताकि रोजगार-रोजमर्रा के काम में कठिनाई ना आए और संस्था पुन: बेहतर करीके से चले।